Apni Baat
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रात्रिकालीन विवाहोत्सव?
“आई रे आई शुभ घड़ी आई…” विवाहोत्सव की यह पुकार जैसे ही गूंजती है, शहर की गलियों में शहनाइयाँ बज…
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एक पूंजीपति की दूरबीन!
कहा जाता है नजरिया अगर अच्छा हो नजर भी ठीक होती है वहीँ दूसरी तरफ, नजर वही है जो दुनिया…
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बंगला मोह क्यूँ हो जाता है…?
वॉलीवूड में एक गाना था ” बंगले के पीछे तेरी बेरी के नीचे हाय रे कुर्सी… अहा रे अहा…. शायद…
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राजनीतिक यात्रा से ‘रणनीतिकार’ तक…
ऐतिहासिक धरती पर इतिहास बनते हुए देखना व साक्ष्य बनना सुनने में जितना कर्णप्रिय लगता है उससे कहीं ज्यादा महसूस…
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सभ्यता और संस्कृति में विकृति: डिजिटल दुनिया…
डिजिटल संसार एक ‘दर्पण’ भी है और एक ‘छलनी’ भी। यह हमारी संस्कृति को विकृत भी कर सकता है और…
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गुलाब पर कमल हुआ भारी…?
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में कमल ने गुलाब पर भारी जीत दर्ज की है. एनडीए ने निर्णायक बढ़त बनाते हुए…
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आखिर कौन..?
इतिहास गवाह है कि, बिहार की चुनावी राजनीति हमेशा से ही जटिल और अप्रत्याशित रही है. यहाँ हर चुनाव में…
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पाटने की बजाय खोदने का नाम है राजनीति..?
राजनीति, जिसे अक्सर ‘जनसेवा’ और ‘लोक कल्याण’ का माध्यम कहा जाता है. राजनीति का मूल उद्देश्य समाज में समरसता, न्याय…
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वन्दे मातरम् का विरोध पहले भी आज भी…?
“वन्दे मातरम्” महज़ एक राष्ट्रिय गीत ही नहीं, बल्कि भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का एक महामंत्र रहा है. बंकिम चंद्र चटर्जी…
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क्या ट्रंप की नीतियों ने किया…अमेरिका का बेडा गर्क?
अमेरिका फर्स्ट का नारा देने वाले डोनाल्ड ट्रंप की नीतियों, खासकर उनकी टैरिफ (आयात शुल्क) लगाने के फैसलों का अमेरिका…
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