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गणितीय प्रशिक्षण…

गणित का नाम सुनते ही अक्सर लोगों को जोड़, घटाव, गुना और भाग याद आ जाते है. साथ ही बच्चों को भी गणित का डर लगा ही रहता था. बिहार मैथमेटिकल सोसाइटी के संयुक्त सचिव डॉ० विजय कुमार ने बताया कि, राज्य में टैलेंट सर्च टेस्ट इन मैथमेटिकल ओलंपियाड एवं टैलेंट नरचर कार्यक्रम का आयोजन बिहार मैथमेटिकल सोसाइटी के तत्वावधान में किया जा रहा है. इस कार्यक्रम में कक्षा 06-12 एवं स्नातक तथा स्नातकोत्तर के साथ-साथ यूपीएससी, आईआईनेट की तैयारी करने वाले विद्यार्थी भाग ले सकते हैं.

संयुक्त सचिव ने बताया कि, हर शनिवार और रविवार को आनलाईन प्रशिक्षण कार्यक्रम चल रहा है. संयुक्त सचिव डॉ० कुमार ने बताया कि, टैलेंट सर्च टेस्ट इन मैथमेटिकल ओलंपियाड एवं टैलेंट नरचर कार्यक्रम में भाग लेने के लिए ऑनलाइन व ऑफलाइन आवेदन लिया जा रहा है. उन्होंने बताया कि ऑनलाइन आवेदन के लिए बिहार मैथमेटिकल सोसाइटी की वेबसाईट www.bmsbihar.org को देखें

रविवार,29 अगस्त 2021 को ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया था. इस कार्यक्रम में आये हुये अतिथियों को स्वागत अमित कुमार,जिला शिक्षा पदाधिकारी पटना ने  कहा कि सरकार के द्वारा छात्र कल्याणकारी योजना के माध्यम से बच्चों के नामांकन में अप्रत्याशित वृद्धि हुई है परंतु गुणवत्ता युक्त शिक्षा के लिए एक आधारभूत संरचना के साथ अभिभावकों एवं विद्वत जन को समर्थन आवश्यक है. वहीँ, मुख्य अतिथि श्रीकांत शास्त्री राज्य परियोजना निदेशक ने कहा कि बिहार मैथमेटिकल सोसायटी के द्वारा प्रत्येक शनिवार एवं रविवार के जो प्रशिक्षण कार्यक्रम एक सराहनीय कदम है.

मुख्य अतिथि ने कहा कि छात्रों को अपनी योग्यता और उसके रुचि के अनुसार पढ़ने की स्वतंत्रता है साथ ही इसके लिए आत्मविश्वास पैदा करना,  शिक्षकों में अभिप्रेरणा एवं गुणवत्ता का प्रदर्शन करना भी एक चुनौती है. उन्होंने कहा कि शैक्षणिक गतिविधियों को बढ़ाने के लिए स्मार्ट क्लासेस,  नई तकनीकी आधारित शिक्षा, अनुसंधान सूचना एवं संचार का साधन का उपयोग भी आवश्यक है.

मुख्य वक्ता डॉ वी राघवेंद्र ,पूर्व प्रो गणित विभाग आईआईटी कानपुर डिफरेंशियल इक्वेशन एवं उसके एप्लीकेशन पर विस्तृत रूप से चर्चा की. प्रोफेसर तपन कुमार शांडिल्य, प्राचार्य कॉलेज ऑफ कॉमर्स आर्ट्स एंड साइंस पटना ने कहा कि शिक्षक एवं छात्रों को एक्सीलेंस अवार्ड,  आदर्श शिक्षकों एवं मेधावी छात्रों को विभिन्न स्तर पर सामाजिक सम्मान किया जाना अति आवश्यक है.

अभयानंद,  पूर्व पुलिस महानिदेशक बिहार सरकार कहां की बच्चों के सतत मूल्यांकन आवश्यक है एवं बच्चों की योग्यता के आधार पर इनकी प्रशिक्षण की व्यवस्था की जानी चाहिए. विशिष्ट अतिथि सुरेंद्र कुमार सिन्हा, क्षेत्रीय शिक्षा उपनिदेशक शिक्षा विभाग पटना प्रमंडल पटना कहां की ग्रामीण क्षेत्र के विद्यालयों को प्रभावशाली बनाने के लिए सभी अभिभावक, शिक्षाविद को आगे आने की आने की आवश्यकता है.

कार्यक्रम के संयोजक के रूप में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी माध्यमिक शिक्षा श्याम नंदन प्रसाद, श्याम नंदन प्रसाद, अरुण दयाल एवं आशुतोष कुमार श्रीवास्तव सहित गुड्डू कुमार भी उपस्थिति थे.

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