‘हेडपोस्ट’ पर सूचनाएँ शीघ्र अपलोड नहीं करनेवाले कॉलेजों के संबंधित अधिकारी दंडित...

‘हेडपोस्ट’ पर सूचनाएँ शीघ्र अपलोड नहीं करनेवाले कॉलेजों के संबंधित अधिकारी दंडित होंगे…

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सभी अंगीभूत एवं संबद्धताप्राप्त महाविद्यालयों से ‘हेडपोस्ट’ के लिए वांछित सूचनाएँ अनिवार्य रूप से प्राप्त की जानी चाहिए. फोटो:-आईपीआरडी, पटना.

बुधवार को लाल जी टंडन ने सभी कुलपतियों को यथाशीघ्र सभी अंगीभूत एवं सम्बद्धताप्राप्त महाविद्यालयों से ‘हेडपोस्ट’ (H.Ed.Post) पोर्टल पर यथावांछित सूचनाएँ शीघ्र अपलोड कराने के लिए कहा है, ताकि ‘मास्टर डाटा’ तैयार कराया जा सके.

राज्यपाल ने कुलपतियों से कहा है कि अधिकतर सम्बद्धताप्राप्त महाविद्यालयों के साथ-साथ कुछ अंगीभूत महाविद्यालय भी ‘हेडपोस्ट’ पोर्टल के लिए सूचनाएँ उपलब्ध कराने में पर्याप्त अभिरूचि नहीं दिखा रहे, ऐसे महाविद्यालयों के विरूद्ध पहले चेतावनी-पत्र निर्गत किया जाना चाहिए तथा उसके बाद भी वे अगर शिथिलता बरतते हैं तो उनके विरूद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित होनी चाहिए. राज्यपाल ने कहा है कि कुछेक अंगीभूत महाविद्यालयों के साथ-साथ अधिकतर सम्बद्धताप्राप्त महाविद्यालय ‘हेडपोस्ट’ के लिए संबंधित सूचनाएँ नहीं भेजकर विद्यार्थियों को दिग्भ्रमित करते हुए उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं. राज्यपाल टंडन ने राज्यपाल सचिवालय के प्रधान सचिव आर॰के॰ महाजन को कहा है कि सभी अंगीभूत एवं संबद्धताप्राप्त महाविद्यालयों से ‘हेडपोस्ट’ के लिए वांछित सूचनाएँ अनिवार्य रूप से प्राप्त की जानी चाहिए.

ज्ञातव्य है कि समीक्षा के दौरान यह पाया गया है कि कुल 260 अंगीभूत कॉलेजों (Constituent Colleges) में से 222 ने ‘हेडपोस्ट’ के लिए डाटा-अपलोड कर दिया है. उपलब्ध आँकड़ों के मुताबिक तिलका माँझी भागलपुर विश्वविद्यालय, भागलपुर (100%), कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय (100%), ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय, दरभंगा (97.7 %), बाबासाहेब भीमराव अम्बेदकर बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर(94.9), तथा जय प्रकाश विश्वविद्यालय, छपरा(90.5%), के अधीन संचालित अंगीभूत महाविद्यालयां की उपलब्धियाँ ‘हेडपोस्ट डाटा अपलोडिंग’ की दृष्टि से संतोषजनक रही हैं, जबकि पूर्णिया विश्वविद्यालय, पूर्णिया(38.5%), बी॰एन॰ मंडल विश्वविद्यालय, मधेपुरा(57.1%), एवं मगध विश्वविद्यालय, बोधगया (68.4%), की उपलब्धियाँ संतोषप्रद नहीं मानी जा सकती. इन विश्वविद्यालयों के सभी अंगीभूत कॉलेजों को यथाशीघ्र ‘हेडपोस्ट’ पोर्टल के लिए वांछित सूचनाएँ अपलोड करने के लिए कहा गया है.

समीक्षा के क्रम में पाया गया है कि राज्य के 256 सम्बद्धताप्राप्त कॉलेजों (Affliated Colleges) ) में से सिर्फ 67 कॉलेजों ने ही ‘हेडपोस्ट’ के लिए डाटा-अपलोडिंग की है. कुलपतियों को कहा गया है कि शेष 189 सम्बद्धताप्राप्त कॉलेजों से ‘डाटा-अपलोडिंग’ का काम शीघ्र पूरा कराया जाए.

गौरतलब है कि ‘हेडपोस्ट’ के अंतर्गत सभी अंगीभूत एवं सम्बद्धताप्राप्त कॉलेजों से संबंधित सूचनाएँ अपलोड हो जाने पर विद्यार्थियों एवं अन्य संबंधित अनुश्रवण एजेन्सियों को आवश्यक जानकारियाँ प्राप्त करने में सुविधा हो जाएगी. ‘हेडपोस्ट’ के तहत राज्य के सभी कॉलेजों से तत्काल 92 विन्दुओं पर सूचनाएँ माँगी गई हैं.  सभी कॉलेजों को अपना नाम, पता, इतिहास, प्राचार्य का नाम, उनका मोबाईल नं॰ एवं मेल आई॰डी॰, कॉलेज लोगो, स्थापना-वर्ष, कुल कक्ष-संख्या, वाशरूम संख्या, गर्ल्स एवं ब्वायज कॉमन रूमों की संख्या, स्टाफ रूम/ ऑफिस रूमों की संख्या, पुस्तकालय एवं पुस्तकों की संख्या, नैक प्वाइंट एवं एस॰एस॰आर॰ एप्रूवल वर्ष, उपस्थिति मोड, वोकेशनल कोर्सेज की विवरणी, संबंधित विश्वविद्यालय एवं उनके पदाधिकारियों के नाम, मोबाईल नंबर, प्रयोगशाला-स्थिति, कॉलेजवार पाठ्यक्रम-विवरणी, कॉलेजवार शिक्षकों एवं शिक्षकेत्तर कर्मियों के नाम, उनकी योग्यता, पद-स्वीकृति एवं रिक्तियों की संख्या, उनके पी॰एच॰डी॰ वर्ष, उनके मोबाइल एवं ईमेल आई॰डी॰, पाठ्यक्रमवार, छात्र-छात्रा संख्या आदि की जानकारियाँ ‘हेडपोस्ट’ पर अपलोड करनी है. ‘हेडपोस्ट’ के अगले चरण में डाइनेमिक डाटा इन्ट्री तथा वार्षिक एवं मासिक प्रतिवेदन अपलोडिंग की भी व्यवस्था करायी जायेगी.

राज्यपाल सचिवालय ने सभी कुलपतियों को कहा है कि सभी अंगीभूत एवं सम्बद्धताप्राप्त महाविद्यालयों से यथापेक्षित सूचनाएँ उपलब्ध कराते हुए ‘हेडपोस्ट’ के सफल कार्यान्वयन को हर हालत में सुनिश्चित कराया जाना चाहिए.