राजेन्द्र बाबू सादगी, सच्चाई और प्रतिभा के प्रतीक-पुरूष थे :- राज्यपाल लाल...

राजेन्द्र बाबू सादगी, सच्चाई और प्रतिभा के प्रतीक-पुरूष थे :- राज्यपाल लाल जी टंडन

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संविधान-सभा के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने एक ऐसा लोकतांत्रिक एवं कल्याणकारी संविधान तैयार कराया, जिससे आज भी कुशलतापूर्वक देश का शासन-प्रशासन संचालित हो रहा है. फोटो:-आईपीआरडी, पटना.

सोमवार को राज्यपाल लाल जी टंडन ने पटना स्थित टी॰के॰घोष अकादमी उच्च विद्यालय में ‘राजेन्द्र जयन्ती’ के अवसर पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि, ‘‘राजेन्द्र बाबू सादगी, सच्चाई और प्रतिभा के प्रतीक-पुरूष थे. उनकी स्मृति में टी॰के॰घोष अकादमिक राजकीय उच्च विद्यालय को एक धरोहर विद्यालय के रूप में हर तरह से विकसित किया जाना चाहिए. पूर्वजों के आदर्श कृत्यों का स्मरण कर प्रत्येक मनुष्य स्वाभाविक रूप से गौरवान्वित होता है. राजेन्द्र जयन्ती पर राजेन्द्र बाबू के अनुपम व्यक्तित्व-कृतित्व से प्रेरणा कर युवा पीढ़ी के गौरवान्वित होना चाहिए”.

‘राजेन्द्र जयन्ती’ के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम के अन्तर्गत राजेन्द्र बाबू की प्रतिमा का अनावरण करने के बाद, राज्यपाल टंडन ने कहा कि, राजेन्द्र बाबू एक ऐसे त्यागी राजनेता थे, जिन्होंने अपने वकालत-पेशे को छोड़कर गाँधी जी के आवाहन पर स्वतंत्रता-संग्राम में शामिल हो जाना मुनासिब समझा. उन्होंने कहा कि, संविधान-सभा के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने एक ऐसा लोकतांत्रिक एवं कल्याणकारी संविधान तैयार कराया, जिससे आज भी कुशलतापूर्वक देश का शासन-प्रशासन संचालित हो रहा है.

राज्यपाल टंडन ने कहा कि, कि देशरत्न डॉ॰ राजेन्द्र प्रसाद एवं सरदार वल्लभ भाई पटेल जैसे लोगों को आज पुनः समुचित सम्मान मिल रहा है, जिसके वे वाजिब हकदार हैं. उन्होंने कहा कि, देशरत्न राजेन्द्र बाबू का कद एवं महत्त्व भारतीय राजनीति में बराबर ऐसा रहा है कि उन्हें समुचित समादर मिले. उन्होंने कहा कि, आज उस विद्यालय में, जहाँ दो वर्षों तक राजेन्द्र बाबू ने शिक्षा ग्रहण की थी, उनकी प्रतिमा को लोकार्पित कर मैं अपने को सौभाग्यशाली समझता हूँ. उन्होंने कहा कि, गाँधी जी के 150वें जयन्ती वर्ष में उनके अत्यन्त प्रिय एवं अनन्य अनुयायी राजेन्द्र बाबू को याद करते हुए सादगी और सच्चाई के रास्ते पर चलने का हम सबको संकल्प लेना चाहिए.

आयोजित कार्यक्रम में अपने विचार व्यक्त करते हुए उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि राज्य सरकार ने टी॰के॰ घोष अकादमी के विकास के लिए पूरा ध्यान दिया है एवं यहाँ आधारभूत संरचना-विकास के लिए आगे भी जो जरूरी होगा, किया जायेगा. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा पर पूरा ध्यान दे रही है. उपमुख्यमंत्री मोदी ने शिक्षा के विकास के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि शिक्षा पर राज्य सरकार 32 हजार करोड़ रूपये व्यय कर रही है. केन्द्रीय विधि एवं न्याय तथा संचार एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि सादगी, समर्पण और तीव्र बुद्धि से स्व॰ राजेन्द्र बाबू ने भारतीय राजनीति को एक विशिष्ट दिशा प्रदान की थी.

कार्यक्रम को केन्द्रीय ग्रामीण विकास राज्यमंत्री रामकृपाल यादव ने भी संबोधित किया एवं राजेन्द्र बाबू को नमन किया. कार्यक्रम में धन्यवाद-ज्ञापन विद्यालय की प्राचार्या सरोज प्रकाश ने किया.