मंत्रिपरिषद की बैठक में कुल 14 एजेंडों पर मुहर लगी…

मंत्रिपरिषद की बैठक में कुल 14 एजेंडों पर मुहर लगी…

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राज्य में अनियमित मानसून/ बाढ़ / सूखे / अल्पवृष्टि जैसी स्थिति में फसलों के सिंचाई के लिए डीजल अनुदान का दर 50 रू० से बढ़ाकर 60 रू० करने की स्वीकृति दी गई. फोटो:-आईपीआरडी, पटना.

मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में संपन्न हुई बिहार कैबिनेट की बैठक में अहम् निर्णय लिए गए. बैठक के बाद कैबिनेट विभाग के प्रधान सचिव संजय कुमार ने बताया कि मंत्रिपरिषद की बैठक में कुल 14 एजेंडों पर निर्णय लिया गया.

खान एवं भूतत्व विभाग के अन्तर्गत कोल वितरण नीति 2007 के तहत लघु, मध्यम एवं  अन्य उद्योगों को उचित मूल्य पर कोयले की आपूर्ति हेतु बिहार स्टेट माइनिंग कारपोरेशन लि० को तीन वर्षों के लिए (12-10-2019- 31-03-2022) राज्य नामित एजेंसी (State National Agency) नामित करने की स्वीकृति दी गई. परिवहन विभाग के अन्तर्गत बिहार राज्य पथ परिवहन निगम के केन्द्रीय कर्मशाला, फुलवारीशरीफ, पटना की जमीन पर प्रस्तावित ‘‘परिवहन परिसर’’ के निर्माण हेतु पूर्व में स्वीकृत प्रशासनिक स्वीकृति की राशि रू० 124.03 करोड़ रूपये के बदले भवन निर्माण विभाग से प्राप्त पुनरीक्षित तकनीकी प्राक्कलन (कुर्सी क्षेत्रफल में बढ़ोत्तरी के कारण) के अनुसार रूपये 164.31 करोड़ रूपये की पुनरीक्षित प्रशासनिक स्वीकृति दी गई. पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवत्र्तन विभाग के अन्तर्गत जलवायु परिवर्तन संभाग की स्थापना एवं इस संभाग हेतु विभिन्न कोटि के कुल 29 पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई.

पंचायती राज विभाग के अन्तर्गत ‘‘बिहार पंचायती राज अंकेक्षण संवर्ग’’ नियमावली, 2019 के गठन के फलस्वरूप बिहार पंचायत अंकेक्षण सेवा के अंकेक्षक (पंचायती राज) के 373  वरीय अंकेक्षण अधिकारी (पंचायती राज) के 174 (एक सौ चैहत्तर), जिला अंकेक्षण अधिकारी (पंचायती राज) के 41 एवं मुख्य अंकेक्षण पदाधिकारी (पंचायती राज) के 01कुल 589 पदों के सृजन एवं अनुमानित वार्षिक व्यय भार कुल रु० 27,98,45,376.00 मात्र का स्थापना एवं प्रतिबद्ध व्यय मद के अन्तर्गत स्थायी रूप से स्वीकृति दी गई.

राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अन्तर्गत जहानाबाद जिलान्तर्गत अंचल-जहानाबाद के मौजा -इरकी, थाना नं०-346, खाता नं०-259, प्लाट नं०-21, कुल रकबा-1.68 एकड़ तथा खाता नं०-259, प्लाट नं०-22, कुल रकबा-3.24 एकड़ किस्म जमीन बकास्त मालिक में से 400 वर्ग मीटर अर्थात 9.88 डिसमिल भूमि का सःशुल्क आधार पर आवासीय दर से 5,40,000/-रू० प्रति डिसमिल की दर से सलामीत्र 53,35,200 /-रू० तथा भूमि के मूल्य का 2 प्रतिशत आवासीय का 25 गुणा पूँजीकृत मूल्य= 26,67,600/-अर्थात कुल राशि 80,02,800/-रू० के भुगतान पर Subsidiary Intelligence Bureau (Ministery of Home Affair) के कार्यालय-सह-आवास भवन के निर्माण हेतु Intelligence Bureau गृह मंत्रालय, भारत सरकार को स्थायी रूप से भू-हस्तान्तरण की स्वीकृति दी गई.

प्रधान सचिव ने बताय कि विधि विभाग के अन्तर्गत माननीय सर्वोच्च न्यायालय में दायर सिविल अपील सं०-1867/2006, मालिक मजहर सुल्तान एवं अन्य बनाम उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग एवं अन्य के मामले में माननीय सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली द्वारा दिनांक 17-01-2019 को दिए गये न्यायादेश के आलोक में राज्य के अधीनस्थ न्यायालयों के सुचारू रूप से संचालन हेतु वर्तमान में सृजित विभिन्न स्तरों के 1845 न्यायिक पदाधिकारियों के लिए आवश्यक वर्ग-03 एवं वर्ग-04 कोटि के अराजपत्रित कर्मियों की कुल संख्या में से पूर्व से सृजित पदों के अतिरिक्त आवश्यक पदों का 50% (प्रथम चरण में) के अंतर्गत वर्ग-03 कोटि के 1645  एवं वर्ग-4 कोटि के 533 कुल 2178 अराजपत्रित पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई.

शिक्षा विभाग के अन्तर्गत रिट पेटिशन (सी०) संख्या-860/1991 में दायर आई०ए०संख्या-07 में माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा पारित न्यायादेश के आलोक में कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय, दरभंगा को छोड़कर अन्य सभी परम्परागत विश्वविद्यालयों के कुल 229अंगीभूत महाविद्यालयों में पर्यावरण विज्ञान विषय में प्रति महाविद्यालय 01 पद के हिसाब से सहायक प्रोफेसर के 229  पदों के सृजन की स्वीकृति प्रदान की गई.

स्वास्थ्य विभाग के अन्तर्गत माननीय पटना उच्च न्यायालय, पटना में दायर समादेश याचिका संख्या-9640/2018 डा० चन्द्रभूषण कुमार बनाम् राज्य सरकार एवं अन्य एवं समादेश याचिका संख्या-14037/2018 डा० भूपेन्द्र नारायण बनाम् बिहार राज्य सरकार एवं अन्य में दिनांक-10-12-2018 एवं दिनांक-08-02-2019 को पारित न्यायादेश के अनुपालनार्थ सह-प्राध्यापक, शिशु रोग विभाग के 02 छाया पद एवं प्राध्यापक, शिशु रोग विभाग, के 01 छाया पद सृजन की स्वीकृति तथा स्वास्थ्य विभाग के ही तहत स्थापना एवं प्रतिबद्ध व्यय अन्तर्गत राज्य में स्वास्थ्य सेवा को सुदृढ़ एवं प्रभावी बनाने के उद्देश्य से राज्य के 2340 अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में एक-एक आयुष चिकित्सा पदाधिकारी (आयुर्वेदिक 50% होमियोपैथी 30% एवं यूनानी 20%) अर्थात् कुल 2340 पदों के सृजित करने की स्वीकृति दी गई. सामान्य प्रशासन विभाग के अन्तर्गत सामान्य प्रशासन विभाग, बिहार, पटना के बिहार सचिवालय सेवा के विभिन्न ग्रेडों के पदों एवं प्रशाखाओं का पुनर्गठन के फलस्वरूप सामान्य प्रशासन विभाग, बिहार, पटना के लिए स्थायी रूप राजपत्रित/ अराजपत्रित पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई.

जल संसाधन विभाग के अन्तर्गत जल संसाधन विभाग बिहार के अंतर्गत शोध संवर्ग (संशोधन) नियमावली-2019 के गठन की स्वीकृति दी गई.

शिक्षा विभाग के अन्तर्गत तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय, भागलपुर, मगध विश्वविद्यालय, बोधगया एवं बी०आर०ए० बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर में व्यस्क सतत् शिक्षा एवं विस्तार विभाग में कार्यरत परियोजना पदाधिकारी/ सहायक निदेशक को दिनांक 17-05-2010 के प्रभाव से षष्ठम वेतन पुनरीक्षण के वैचारिक एवं आर्थिक लाभ की स्वीकृति प्रदान करने की स्वीकृति दी गई.

कृषि विभाग के अन्तर्गत वर्ष 2019-20 में राज्य में अनियमित मानसून/ बाढ़ / सूखे / अल्पवृष्टि जैसी स्थिति में फसलों के सिंचाई के लिए डीजल अनुदान एवं आकस्मिक फसल योजना के लिए पूर्व में स्वीकृत 300.00 करोड़ रू० के अधीन डीजल अनुदान मद में प्रति लीटर डीजल पर देय अनुदान का दर 50 रू० से बढ़ाकर 60 रू० करने की स्वीकृति तथा ग्रामीण विकास विभाग के अन्तर्गत विकास प्रबंधन संस्थान (Development Management Institute) के स्थायी परिसर हेतु भवन निर्माण की पुनरीक्षित प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई.

इसके लिए बिहटा के सिंकदरपुर मौजा में बियाडा द्वारा अधिग्रहित 15 एकड़ भूमि पर रु0 2,50,00,00,000/- मात्र की लागत से विकास प्रबंधन संस्थापन (DMI) के स्थायी परिसर हेतु निर्माण की पुनरीक्षित प्रशासनिक स्वीकृति दी गई.