बारिश में होने वाली बीमारी व उपचार

बारिश में होने वाली बीमारी व उपचार

1274
0
SHARE
मौसम के बदलाव होने से भी कई बीमारियाँ पनपने लगती है, जो आपकी सेहत को प्रभावित करती है.

गर्मी के जाते ही बारिश का मौसम शुरू हो जाता है,एक तरफ भयंकर गर्मी और दूसरी तरफ बारिश का मौसम.मौसम के बदलाव होने से भी कई बीमारियाँ पनपने लगती है, जो आपकी सेहत को प्रभावित करती है. बरसात के इस मौसम में वात,पित और कफ वाली बीमारियाँ ज्यदा होती है, इसके अलावा और भी कई बीमारियाँ होती है जैसे…..

मच्छरों से होने वाली बीमारियाँ :-
बरसात के समय में मच्छर पनपने लगते हैं जिसकी वजह से  डेंगू , मलेरिया और चिकुनगुनिया जैसे गंभीर रोग होते हैं.

दूषित पानी और दूषित खाने से होने वाले रोग:-
इस मौसम में गंदे पानी और खाद्य पदार्थों से भी कई रोग होते हैं जैसे… दस्त, हैजा, टाइफाइड, और फूडपाइजनिंग.

संक्रमित हवा से होने वाले रोग:-
बरसात के मौसम में पानी के साथ-साथ हवा भी प्रदूषित हो जाती है, जो सीधे जीवाणु के रूप में आपके अंदर जाकर फ्लू, जुकाम और ब्रोंकाइटिज जैसे रोग उत्पन्न करते हैं.

त्वचा संबंधी रोग:-
बरसात के मौसम के आते ही त्वचा में चिपचिपाहट होने से एलर्जी का होना.

दस्त:-
प्रदूषित व संक्रमित पानी पीने से दस्त जैसी बीमारी होती है. दस्त में पेट दर्द, और बुखार के साथ आंतो में सूजन जैसे लक्षण भी होते हैं. दस्त लगने पर छांछ में भुना हुआ जीरा डालकर सेवन करना चाहिए, साथ ही अनार का जूस पीने से भी दस्त ठीक हो जाते हैं.

डेंगू:-
बदलते मौसम में मच्छरों की वजह से डेंगू की बीमारी अक्सर लोगों को होती है. यह एक तरह का बुखार होता है, जो डेंगू के मच्छर के काटने से होता है. इस रोग के मुख्य लक्षण न्होते हैं… सिर दर्द, बुखार, आंखों में दर्द, बदन में दर्द और जोड़ों में दर्द. इस रोग को हड्डीतोड रोग भी कहा जाता हैं.  इस रोग से बचने के लिए अपने घर के आस-पास गंदा पानी को जमा होने ना दें, और रात को सोते समय मच्छरदानी लगाकर ही सोना चाहिए.

टाइफायड बुखार:-
बारिश के मौसम में अक्सर लोग गंदे हाथों से खाना कहा लेते हैं, जिस वजह से वे टाइफायड के शिकार हो जाते हैं. इस रोग के मुख्य लक्षण होते हैं… सूखी खांसी, पेट का खराब होना, सिर दर्द, भूख की कमी आदि आदि. इस रोग में रोगी को पूरा आराम करना चाहिए, और मुनक्कों का अधिक से अधिक सेवन करना चाहिए. रोगी को पीने का पानी उबाल कर ही देना चाहिए.

आंखों के रोग:-
बरसात की वजह से आंखों में भी कई प्रकार के रोग होने लगते हैं, जैसे आई फलू यानि आंख आना. इसकी वजह से आंखे लाल हो जाती है, और सूजन की वजह से आंखों में दर्द भी होने लगता है. फलू से बचने के लिए साफ हाथों से ही आंखों को साफ करना चाहिए. आंखों को दिन में 3 से 4 बार पानी से धोना चाहिए.

फूड प्वाइजनिंग:-
संक्रमित भोजन करने से ये बीमारी होती है. इस रोग में ठंड लगना, पेट में दर्द, उल्टी और बुखार के मुख्य लक्षण होते हैं. एैसे में ग्लूकोज, शिकंजी, सूप, और पानी का अधिक से अधिक सेवन करना चाहिए. साथ ही इस बीमारी से बचने के लिए सफाई पर विशेस ध्यान देना चाहिए.

हैजा:-
एक खतरनाक बीमारी है, जो दूषित खाना खाने से होती है. हैजा में उल्टी के साथ-साथ दस्त भी होने लगते हैं. जिससे रोगी के शरीर में पानी की कमी हो जाती है एैसे मे रोगी की जान भी जा सकती है, इसलिए तुरंत ही रोगी को डाक्टर के पास ले जाएं.

डा० बिमलेश कुमार(खगौल)पटना.