दांतों में सेंसिटिविटी…

दांतों में सेंसिटिविटी…

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दांतों में सेंसिटिविटी की शुरुआत साँसों में बदबू आना, स्वाद का बिगड़ना और मसुरों से खून आना.फोटो:-गूगल

दौडती-भागती दुनिया में प्राय: लोगों के खाने-पीने की गलत आदतों के कारण इस समस्या से दो-चार होना पड़ता है.  प्राय: लोग अपने दांतों का विशेष ख्याल रखते हैं उसके बाद भी अक्सर दांतों से जुडी कई समस्याएं होती रहती है और आकड़ें को देखें तो 10 में से 01 भारतीय दांतों से जुडी समस्याओं के शिकार होते है. आमतौर पर भारतीय दांतों की समस्या होने पर दांतों के डॉक्टर के पास जाने के बजाय घरेलू इलाज ज्यादा करते हैं. दांतों में कई तरह की समस्या होती है उनमे से एक दांतों की सेंसिटिविटी भी है. आखिर दांतों की सेंसिटिविटी होने के कारण हो सकते हैं. डॉक्टर के अनुसार, दांतों में सेंसिटिविटी की शुरुआत साँसों में बदबू आना, स्वाद का बिगड़ना और मसुरों  से खून आना.

वर्तमान समय में जीवन की शैली में रफ्तार पकड़ ली है प्राय: लोग जंकफ़ूड और कोल्डड्रिंक का प्रयोग ज्यादा करते हैं इस कारण उनके दांतों में कैविटी बढ़ती है. इस कारण भी दांतों में तेज झनझनाहट महसूस होती है. जब कभी भी हमलोग कुछ भी खाते है तब खाने—पीने के कण दांतों से चिपक जाते हैं जिसे डॉक्टर “प्लाक” कहते हैं. ये प्लाक हमारे दांतों पर जमने लगता है. हमारे दांतों का आंतरिक हिस्सा जिसे डेंटाइन कहते हैं. डेंटाइन के उपरी भागों की सुरक्षा के लिए एक ख़ास परत होती है जिसे एनामेल कहते हैं. दांतों की गलत रख-रखाव और खाने-पीने की गलत आदतों के कारण एनामेल की परत टूटने लगती है और उस पर “प्लाक” जमा होने लगता है. इस कारण दांत कमजोर और संवेदनशील हो जाते है और दांतों में सेंसिटिविटी या तेज झनझनाहट होने लगती है.

उपाय:-

ज्यादा कड़क टूथब्रश और केमिकल युक्त टूथपेस्ट के इस्तेमाल से भी दांत और मसूड़ों को नुक्सान पहुँचता है ऐसे में अपने डेंटिस्ट की सलाह से अपने सेंसिटिव दांतों के लिए उपयुक्त टूथपेस्ट और नर्म टूथब्रश का इस्तेमाल करना चाहिए.

दांतों की सफाई के लिए दांतों को ज्यादा जोर से रगड़ना नहीं चाहिए बल्कि, इससे दांतों की चमक खत्म हो जाती है और दांत व मसूड़े कमजोर हो जाते हैं. दांतों की सफाई के लिए हमेशा नरम टूथब्रश से व हल्के हाथों से ब्रश करना चाहिए.

कई लोगों की आदत होती है वो अक्सर अपने दांत पीसते रहते हैं लेकिन इससे दांतों से इनेमल की परत हटने लगती है और दांतों में सेंसिटिविटी की शिकायत होती है. अगर आपको दांत पीसने की समस्या है तो तुरंत चिकित्सक से मिले.

अगर आपके दांतों में सेंसिटिविटी है तो एसिड वाली चीज़ें जैसे रेड वाइन, सोडा, खट्टे फल और ज्यादा मीठे पेय का प्रयोग ना करें. जब भी आपको कोल्ड ड्रिंक पीने की इच्छा हो तो आप “स्ट्रॉ “ का प्रयोग करें ताकि, एसिड से  दांतों का बचाब हो सके.

अक्सर लोग माउथवॉश का प्रयोग मुँह में ताजगी लाने के लिए इस्तेमाल करते हैं लेकिन आपको बताते चलें कि, माउथ क्लीनर्स में तेजाब का प्रयोग होता है जो दांतों के लिए बेहद हानिकारण होता है. इसका ज्यादा प्रयोग करने  से मुँह में छाले और दांतों में सेंसिटिविटी होने का खतरा बना रहता है.

अगर आपको च्युंगम चबाने की आदत है तो तुरंत ही इस आदत को छोड़ दें. चुकिं, च्युंगम लगातार चबाने से एनामेल टूटने लगता है.

प्राय: लोगों को सुपारी, पान और तम्बाकू खाने की आदत होती है. इस आदत के कारण हमारे दाँतों का एनामेल घिस जाता है और नसें बाहर निकल जाती है. इसके कारण भी दांतों में सेंसिटिविटी होती है.

कुछ लोगों को नींद में दांत किटकिटाने की आदत होती है इसके कारण भी दांतों का एनामेल झड़ जाता है.

जब भी कुछ खाएं उसके बाद 10-15 मिनट तक कुल्ला करें ताकि दांतों के अंदर से खाने के कण बाहर निकल जाएँ.

इसके बाद भी अगर दांतों में समस्या है तो डेंटिस्ट से मिलें ताकि उसका इलाज किया जा सके.