उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने पेश किया बिहार बजट

उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने पेश किया बिहार बजट

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बिहार वित्तीय प्रबंधन में आगे है और कई राज्य बिहार को फ़ॉलो कर रहे हैं. फोटो:-गूगल..

मंगलवार को बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने बिहार का बजट 2019-20 पेश किया. बिहार सदन में बजट पेश करते हुए उपमुख्यमंत्री मोदी ने कहा कि, यह बजट 2004-05 से 08 गुना ज्यादा है. 2019-20 के बजट का आकर 02 लाख 502 करोड़ रूपये का है जिसमें पूंजीगत व्यय पर खर्च होंगे 45,270 हजार करोड़ .

बजट के शुरुआत में उपमुख्यमंत्री मोदी ने कहा कि, इस बजट के जरिए नीतीश सरकार ने हर वर्ग और विभाग के बीच संतुलन बनाने की कोशिस की है. उन्होंने कहा कि, बिहार वित्तीय प्रबंधन में आगे है और कई राज्य बिहार को फ़ॉलो कर रहे हैं. उन्होंने रेटिंग एजेंसी की रिपोर्ट का जिक्र करते हुए कहा कि, आंध्र, तेलंगाना और केरल भी हमसे पीछे है. उन्होंने बिहार के विकास दर का जिक्र करते हुए कहा कि, बिहार ने 11.03 प्रतिशत की दर से विकास किया है जो देश में सबसे आगे है.

उपमुख्यमंत्री मोदी ने कहा कि, बिहार की खुदरा महंगाई दर 2.7 है.उन्होंने कहा कि, 2013 के मुकाबले राज्य में महंगाई दर में भारी गिरावट आई है.उन्होंने कहा कि, बिहार को इस साल आर्थिक और सामाजिक सुधार के लिए 11अलग-अलग पुरस्कार मिले हैं साथ ही कहा कि बिहार को भी आगे भी इसी तरह से पुरस्कार मिलते रहेंगे और हम आगे बढ़ते रहेंगे. उपमुख्यमंत्री मोदी ने गांव-गांव तक बिजली पहुंचाने की उपलब्धि का जिक्र करते हुए कि बिहार के सभी गांवों में समय से पहले बिजली पहुंच गई है और ऐसा करने वाला बिहार देश का आठवां राज्य बन गया है साथ ही उन्होंने कहा कि, अगले दो साल में बिहार के हर घर में बिजली का प्रीपेड मीटर उपलब्ध होगा.

उपमुख्यमंत्री मोदी ने कहा कि,2019-20 के बजट में सबसे अधिक शिक्षा के क्षेत्र में 34,798,69 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है जो कुल बजट राशि का 17.36 प्रतिशत है. उन्होंने कहा कि, ग्रामीण विकास विभाग के लिए 7.81 प्रतिशत, पंचायती राज विभाग के लिए 6.09प्रतिशत, गृह विभाग के लिए 5.47 प्रतिशत, स्वास्थ्य विभाग के लिए 4.80 प्रतिशत,ऊर्जा विभाग के लिए 4.44 प्रतिशत,पथ निर्माण विभाग के लिए 3.49 प्रतिशत ,भवन निर्माण विभाग के लिए 2.68 प्रतिशत,कृषि विभाग के लिए 1.48 प्रतिशत,योजना एवं विकास विभाग के लिए 1.24प्रतिशत का प्रावधान किया गया है.

उपमुख्यमंत्री मोदी ने कहा कि, 2019-20 के दौरान केंद्रीय करों में राज्य का हिस्सा 89,121,79 करोड़ रुपए तथा केंद्र से सहायक अनुदान के तौर पर 49,019,38 करोड़ रुपए प्राप्त होने का अनुमान है. उन्होंने कहा कि, 2019-20 के दौरान राज्य के अपने कर एवं गैर कर राजस्व से कुल 38,606,47 करोड़ रुपए प्राप्त होने का अनुमान है. उन्होंने कहा कि, 2019-20 के दौरान 21,516,99 करोड़ रुपए राजस्व बचत का अनुमान है जो सकल राज्य घरेलू उत्पाद का 3.76 प्रतिशत है.

  • वर्ष 2019-20 में 24 हजार 420 करोड़ रूपये का ऋण देने का प्रावधान किया गया है.
  • बजट में सबसे अधिक शिक्षा मद में 34,798,69 करोड़ खर्च किया गया है.
  • वर्ष 2019-20 में केंद्र व राज्य सरकार द्वारा 11 मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे.
  • बिहार सरकार पुलिस पर 10,968 करोड़ खर्च करेगी.
  • जानवरों के लिए 14 जिलों में 186 कैटल ट्रफ का निर्माण प्रगति पर है इसे 15 मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा.
  • किसानों के खाते में 901 करोड़ ट्रांसफर किया गया.
  • लघु एवं सीमांत किसानों को छह (06) हजार प्रति किसान देने का फैसला भी बजट में किया गया है
  • पीएमसीएच के लिए 5540 करोड़ की योजना का निर्णय लिया गया है.
  • गृह विभाग पर 11 हजार करोड़ खर्च किए जाएंगे.
  • सीएम हरित योजना के तहत पैक्सों के लिए 1692 करोड़ की योजना को मंजूरी दी गई.
  • साइकल योजना के तहत में 292 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया.
  • पोशाक राशि 1000 से बढाकर 1500 रु० की गई.
  • सैनिटरी नैपकिन के लिए दी जाने वाली राशि को बढ़ाकर 300 रुपये किया गया.
  • पटना में सीसीटीवी लगाने के लिए 110 करोड़ स्वीकृत किया गया है.

बजट के दौरान उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने शायराना अंदाज मे विपक्षियों पर हमला किया.

  • नजर को बदलो, तो नजारे बदल जाते हैं, सोच को बदलो, तो सितारे बदल जाते हैं.
  • कश्तियां बदलने की जरूरत नहीं है, दिशा को बदलो, किनारे खुद ब खुद बदले जाते हैं.
  • ढूंढ लेते हैं अंधेरे में मंजिल अपनी, क्योंकि जुगनू रोशनी के मोहताज नहीं होते.
  • टूटने लगे तो हौसले तो याद रखना,  बिना मेहनत के तख्तो ताज नहीं मिलते.