अल्पसंख्यकों के लिए चलायी जा रही योजनाओं की समीक्षा बैठक…

अल्पसंख्यकों के लिए चलायी जा रही योजनाओं की समीक्षा बैठक…

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अल्पसंख्यकों के लिए जो योजनाएं चलायी जा रही हैं उस पर तेजी से काम हो और उसकी निरंतर समीक्षा होती रहनी चाहिए. फोटो:-पीआरडी, पटना.

गुरुवार को एक अन्ने मार्ग स्थित संकल्प में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अल्पसंख्यकों के लिए चलायी जा रही योजनाओं की समीक्षा बैठक की. अपर मुख्य सचिव अल्पसंख्यक कल्याण विभाग आमिर सुबहानी ने अपने प्रस्तुतीकरण में इससे संबंधित विभाग की योजनाओं एवं उनपर व्यय की वर्षवार जानकारी दी. पिछली बैठक के कार्यवाही प्रतिवेदन के अलावा बिहार राज्य अल्पसंख्यक वित्त निगम के वर्तमान हिस्सा पूंजी को बढ़ाकर 80 करोड़ रुपए करना, कोचिंग योजना को सुदृढ़ और विस्तारित करना, तलाकशुदा/ परित्यक्ता मुस्लिम महिलाओं के आर्थिक सुदृढ़ीकरण हेतु 25 हजार रूपये की राशि के वितरण के संबंध में भी जानकारी दी गई. प्रस्तुतीकरण में अल्पसंख्यक रोजगार ऋण योजना, बिहार राज्य अल्पसंख्यक वित्त निगम का सुदृढ़ीकरण, वक्फ बोर्ड संबंधी महत्वपूर्ण कार्य योजना, छात्रवृत्ति योजना, हर जिले में छात्र-छात्राओं के लिए अल्पसंख्यक आवासीय विद्यालय योजना, राज्य के अराजकीय प्रस्वीकृत कोटि के मदरसों से संबंधित जानकारी विस्तारपूर्वक दी गई.

प्रस्तुतीकरण के पश्चात मुख्यमंत्री ने कहा कि अल्पसंख्यकों के लिए जो योजनाएं चलायी जा रही हैं उस पर तेजी से काम हो और उसकी निरंतर समीक्षा होती रहनी चाहिए. उन्होंने कहा कि हरेक जिले में वक्फ बोर्ड की एक बिल्डिंग बनाने के लिए जल्द से जल्द काम शुरु करें. वक्फ बोर्ड इसके लिए अपनी जमीन उपलब्ध कराएगा. उन्होंने कहा कि सभी जिलों में अल्पसंख्यक छात्र-छात्राओं के लिए आवासीय विद्यालय का निर्माण कराने हेतु तेजी से काम करें. मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके लिए साइट विजिट करा लें और संवेदनशीलता के आधार पर जगह का चयन करें. छात्रावास के चारों तरफ मजबूत एवं ऊंची बाउंड्री बनायी जाए. बिल्डिंग की डिजायन आकर्षक हो, छात्र-छात्राओं के आवास के बीच स्टॉफ आवास भी बनाये जाएं. छात्र-छात्राओं के लिए खेल मैदान की भी व्यवस्था रहे. शिक्षकों एवं स्टॉफ की नियुक्ति भी ससमय हो ताकि आवासीय विद्यालय बनते ही अध्यापन कार्य हो सके. यहाँ छात्राओं को बेहतर सुविधाएं मिले जिससे यह आदर्श आवासीय विद्यालय के रुप में स्थापित हो सके. उन्होंने कहा कि मदरसों के जीर्णोद्धार के लिए भी काम किया जाएगा. मदरसों को बेहतर बनाने के लिए हम सबको मिल जुलकर प्रयास करना होगा। मदरसों में बुनियादी चीजें रहनी चाहिए. उन्होंने कहा कि लोगों को रोजगार के लिए जो ऋण मुहैया कराया जा रहा है उसका भी ठीक से आंकलन करा लें कि जो ऋण दिए जा रहे हैं उससे किस तरह का रोजगार किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि ऋण का भुगतान बढ़े और उसका बेहतर उपयोग हो सके इसके लिये लोगों को प्रेरित भी करें.

मुख्यमंत्री ने कहा कि बहुद्देशीय अंजुमन इस्लामिया भवन का निर्माण कार्य भी तेजी से पूर्ण हो. छात्रावास अनुदान योजना के तहत छात्रों को छात्रवृत्ति राशि और अनाज का वितरण समय पर हो. कोचिंग कार्यक्रम के लिए सक्षम लोग ही छात्रों को पढ़ाएं ताकि और बेहतर परिणाम आए. तलाकाशुदा/परित्यक्ता महिलाओं का सर्वेक्षण करा लें और सभी जरूरतमंदों को आर्थिक सुविधा उपलब्ध कराएं.

इस अवसर पर अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री मो० खुर्शीद ऊर्फ फिरोज अहमद, मुख्य सचिव दीपक कुमार, अपर मुख्य सचिव शिक्षा विभाग आर० के० महाजन, अपर मुख्य सचिव अल्पसंख्यक कल्याण विभाग आमिर सुबहानी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव चंचल कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार, मुख्यमंत्री सचिवालय के अपर सचिव चंद्रशेखर सिंह, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह, सुन्नी वक्फ बोर्ड के चेयरमैन मो० इरशादुल्लाह, शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन मो० इरशाद अली आजाद, मदरसा बोर्ड के चेयरमैन अब्दुल कय्यूम अंसारी सहित अल्पसंख्यक विभाग के अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे.